एक पल की कीमत
पल पल जीते जीते कभी कभी जीवन की लंबी राह में लोग इक पल के लिए अचानक गम्भीर हो जाते मजबूर होकर अपने बारे में सोचते ठिठक के खड़े हो जाते उस थमे से इक छोटे से पल में किसी को जिंदगी समझती है तो किसी की जिंदगी बिखरती हैं वैसे देखा जाए तो पल आता है किसी आकलन के पहले चला जाता हैं पल कभी बारात के साथ बैंड गाजे साथ आता है तो कभी पतली गली से चुप चाप निकल लेता है पल किसी के लिए अलग अलग से नहीं आता राजा के लिए खास और गरीब के लिए आम नहीं आता ये बात समझने में हमारे नेताओं को सालों लग गये ये एक पल में भगवान के भी सामने वीआयपी बन गये। एक एक पल की कीमत अपनी अपनी तरह से समझ में आती हैं किसी के साथ एक पल एक युग के समान तो किसी और के साथ वही युग एक पल के समान बदलते हम ही हैं हमारी सोच भी बदलती हैं किसी अपने ने अपने के एक हां के लिए एक पल अपने तरफ आस भरी नजरों से देख कर बड़े बेमन से राह पकड़ ली थी उस एक पल की देर ने अपनी पुरी जिंदगी की रफ्तार को रोक के रखा हैं रुकी रुक...